जनपद की गौशालाओं को स्वावलंबी बनाया जाए : नोडल अधिकारी

Notification

×

All labels

All Category

Iklan

All labels

जनपद की गौशालाओं को स्वावलंबी बनाया जाए : नोडल अधिकारी

Friday, 12 January 2024 | January 12, 2024 Last Updated 2024-01-12T15:28:02Z
    Share
जनपद की गौशालाओं को स्वावलंबी बनाया जाए : नोडल अधिकारी
बदायूंः 12 जनवरी। उत्तर प्रदेश शासन से नामित नोडल अधिकारी गो-संरक्षण /विशेष सचिव परिवहन विभाग के खेमपाल सिंह ने जनपद की विभिन्न गौशालाओं का निरीक्षण किया जहां विकासखंड उझानी के नसरुल्लापुर में 33, विकासखंड कादरचौक अन्तर्गत सिमरिया में 380, नगर पालिका बिल्सी में 80 गौवेंश पाए गए। उन्होंने गो-संरक्षण केन्द्रों में संरक्षित गोवंशों की संख्या, भूसा, हरा चारा, पानी आदि की उपलब्धता, स्वास्थ्य परीक्षण एवं देख रेख, गोवंशों को ठंड से बचाव हेतु की गई व्यवस्था आदि का स्थलीय निरीक्षण किया।
उन्होंने स्थलीय निरीक्षण करते हुए गोवंशों के संरक्षण एवं देखरेख से सम्बंधित विभिन्न बिन्दुओं पर उपस्थित केयर-टेकर से पूछताछ करते हुए जानकारी प्राप्त किया तथा आवश्यक दिशा निर्देश दिए। नोडल अधिकारी द्वारा गो-आश्रय स्थलों में गोवंशों को ठंड से बचाव हेतु पर्याप्त त्रिपाल एवं आवश्यकतानुसार अलाव की व्यवस्था सुनिश्चित बनाए रखने के निर्देश दिए गए। उन्होंने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी सहित संबंधित अधिकारी को निर्देशित किया कि जनपद में अवशेष निराश्रित गोवंशों को शत प्रतिशत संरक्षित किया जाए तथा उनके भरण-पोषण के संबंध में प्रभावी क्रियान्वयन एवं अनुसरण सुनिश्चित कराया जाए।
उन्होंने गौवंशों को ठंड से बचाव हेतु गौशाला में गोवंशों के नीचे पुआल बिछाने व झूल पहनाने के लिए भी निर्देशित किया। उन्होंने नसरुल्लापुर की गौशाला के पास दो बीघा खाली पड़ी जमीन पर गौशाला के विस्तारिकरण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनपद की सभी गौशालाओं पर तीरपाल लगाए जाएं। गौशालाओं को स्वावलंबी बनाएं। जनपद से एक टीम बनाकर जनपद अमरोहा भेजी जाए जो वहां गोबर से मूर्ति बनाने के कार्य को देखेगी और समझेगी। जनपद में गोबर से पेंट बनाने का जो कार्य किया जा रहा है इसको निरंतर प्रोत्साहित किया जाए। सभी गौशालाओं में रात्रि में संरक्षक ठहरें, इसके लिए इनको प्रशिक्षण भी दिया जाए। गोवंशों को पौष्टिक आहार दिया जाए। जो लोग पालतू पशुओं को आबारा छोडते हैं और जागरुक किया जाए कि पालतू पशुओं को आवारा ना छोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि अन्य जनपदों की अपेक्षा जनपद बदायूँ की स्थिति काफी बेहतर है यहां गौशालाओं का निर्माण एवं विस्तारीकरण किया गया है।
-----