कुंवरगांव की जनता को मिलेगी बार-बार बिजली कटौती की समस्या से निजात
नगर पंचायत अध्यक्षपति अरविंद रावत ने ऊर्जा मंत्री से की मुलाकात
विद्युत उपकेंद्र की क्षमता 5 केवीए से बढ़ाकर 10 केवीए किए जाने तथा जर्जर विद्युत लाइनों के नवीनीकरण की मांग
कुंवरगांव।
बदायूं जिले की नगर पंचायत कुंवरगांव में नगर समेत क्षेत्र भर में विद्युत आपूर्ति क्षमता कम होने से आमजन, किसान और छोटे व्यवसायी प्रभावित हो रहे हैं। गर्मियों के मौसम में तो बार-बार बिजली कटौती तथा ट्रिपिंग और लो वोल्टेज की समस्या से लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
नगर पंचायत क्षेत्र में संचालित विद्युत वितरण उपखंड की वर्तमान क्षमता 5 केवीए बताई जा रही है, जबकि बढ़ती आबादी और उपभोक्ताओं की संख्या को देखते हुए कम से कम 10 केवीए क्षमता की आवश्यकता जताई गई है। अपर्याप्त क्षमता के कारण नियमित विद्युत आपूर्ति नहीं हो पा रही है, जिससे कृषि कार्य, व्यापारिक गतिविधियां और दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है। जलापूर्ति व्यवस्था भी बाधित हो रही है, जिससे आमजन को अतिरिक्त कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
इसके अलावा नगर क्षेत्र में कई स्थानों पर बिजली की लाइनें और तार काफी पुराने व जर्जर स्थिति में बताए जा रहे हैं। झूलते तार और कमजोर लाइनें किसी भी समय बड़ी दुर्घटना का कारण बन सकती हैं।
इन्हीं समस्याओं के समाधान के लिए नगर पंचायत अध्यक्ष ज्योति रानी के पति अरविंद रावत ने पूर्व राज्यमंत्री एवं विधायक महेश चंद्र गुप्ता के साथ लखनऊ पहुंचकर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ए० के० शर्मा से भेंट की।उन्होंने ज्ञापन सौंपते हुए कुंवरगांव विद्युत उपकेंद्र की क्षमता 5 केवीए से बढ़ाकर 10 केवीए किए जाने तथा जर्जर विद्युत लाइनों के नवीनीकरण की मांग की।
